मुड़ के न देख..
बावरे मन
वो जो सामने है,
उसी का नाम है
कल..
क्या हुआ जो..
पीछे छूट गया
उसका भी नाम है
कल,
नाम पे न जा,
काम पे जा
अगले पड़ाव तक जो है
बस वही है
थामने लायक
पल,
ले देख
संभल,
वो आया
कल!
बावरे मन
वो जो सामने है,
उसी का नाम है
कल..
क्या हुआ जो..
पीछे छूट गया
उसका भी नाम है
कल,
नाम पे न जा,
काम पे जा
अगले पड़ाव तक जो है
बस वही है
थामने लायक
पल,
ले देख
संभल,
वो आया
कल!
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